गोमिया। पुनः गोमिया प्रखंड क्षेत्र के एक प्रवासी मजदूर की बंगलौर में संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो जाने से परिजनों में मातम पसरा हुआ है। मृतक की पहचान गोमिया थाना क्षेत्र के सिंगली टोला निवासी प्रवासी मजदूर राजू गंझू (45) के रूप में हुई है, जो बंगलौर के मैसूर इलाके में बिल्डिंग कंस्ट्रक्शन कार्य में मजदूर के तौर पर कार्यरत था।

छोटे भाई बैजनाथ गंझू के अनुसार मृतक राजू करीब ढाई माह पूर्व घर से कमाने जाने की बात कहकर गया था। पांच दिन पहले कार्य के दौरान उसके पैर में गंभीर चोट लग गई थी। मंगलवार को उसने अपनी पत्नी मनी देवी से फोन पर बातचीत करते हुए बताया था कि पैर में ऑपरेशन होना है। इसके कुछ ही घंटे बाद फोन पर उसके मौत की सूचना मिलने से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा।
मृतक परिवार का एकमात्र कमाऊ सदस्य था। उसकी मौत के बाद मां अकली देवी, पत्नी मनी देवी, 5 वर्षीय मासूम बेटी रानी कुमारी सहित पूरे परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है। मृतक के दो भाई किसुन गंझू और हेमंत गंझू भी बाहर रहकर मजदूरी करते हैं। इनमें किसुन गंझू बंगलौर के गुगी इलाके में जबकि हेमंत गंझू आंध्रप्रदेश में मजदूरी कर रहे हैं। घटना की सूचना मिलने के बाद दोनों भाई भी सदमे में हैं।

मृतक के छोटे भाई बैजनाथ गंझू और पत्नी मनी देवी ने राज्य सरकार एवं प्रशासन से मृतक का शव जल्द घर लाने की व्यवस्था कराने की मांग की है। परिजनों ने आर्थिक सहायता देने की भी गुहार लगाई है।
इधर घटना के बाद पूरे क्षेत्र में शोक का माहौल है। ग्रामीणों का कहना है कि रोजगार के अभाव में बड़ी संख्या में लोग पलायन कर दूसरे राज्यों में मजदूरी करने को मजबूर हैं, लेकिन लगातार प्रवासी मजदूरों की मौत की घटनाएं चिंता का विषय बनती जा रही हैं। लोगों ने सरकार से प्रवासी मजदूरों की सुरक्षा और सहायता के लिए ठोस कदम उठाने की मांग की है।
बता दें कि गोमिया प्रखंड के बड़की सीधाबारा पंचायत अंतर्गत कसियाडीह गांव में निवासी भैरव महतो व पेंगिया देवी के इकलौते बेटे सह प्रवासी मजदूर मृतक मनोज कुमार महतो (43) का शव मौत के 50 दिनों बाद 15 मई शुक्रवार की देर शाम उसके पैत्रिक निवास पहुंचा। शव के गाँव पहुँचते ही पूरा गाँव शोक में डूब गया था। पीड़ित परिवार घर में रामनवमी की पूजा और उत्सव की तैयारियों में जुटा था। इसी बीच 27 मार्च दिन शुक्रवार की शाम विदेश से फोन पर सूचना मिली थी कि उनके जवान एकलौते बेटे मनोज की मृत्यु हो गई है।














