गोमिया। गोमिया प्रखंड क्षेत्र में पिछले चार दिनों से हो रही लगातार बारिश के बीच सोमवार को बड़की सीधाबारा पंचायत के छोटकी सीधाबारा गांव में एक बड़ा हादसा टल गया। बारिश के कारण एक कच्चा मकान अचानक भरभराकर गिर गया। हादसे के समय मकान के अंदर पति-पत्नी मौजूद थे। दीवार और छप्पर गिरने से मौके पर चीख-पुकार मच गई। आवाज सुनकर आसपास के ग्रामीण तत्काल मौके पर पहुंचे और राहत-बचाव करते हुए दंपती को सुरक्षित बाहर निकाला।

बताया गया कि लगातार बारिश के कारण मकान की कच्ची दीवारों में पानी रिस रहा था, जिससे उसकी स्थिति काफी जर्जर हो गई थी। सोमवार को अचानक दीवार ढहने के बाद पूरा मकान क्षतिग्रस्त हो गया। घटना में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है।
पीड़ित तापेश्वर सिंह ने बताया कि वह अपनी पत्नी चिंता देवी के साथ लंबे समय से इसी कच्चे मकान में रह रहे थे। आर्थिक स्थिति कमजोर होने के कारण परिवार अब तक पक्का मकान नहीं बनवा सका। उनके बच्चे भी बाहर रहकर मजदूरी करते हैं और परिवार की आर्थिक जरूरतों में सहयोग करते हैं।
तापेश्वर सिंह के अनुसार, लगातार बारिश के दौरान मकान की दीवारों में पानी रिसने लगा था। इससे दीवारें कमजोर हो गई थीं। सोमवार को अचानक मकान का एक हिस्सा भरभराकर गिर पड़ा। उन्होंने बताया कि घटना के समय वे और उनकी पत्नी घर के अंदर ही मौजूद थे। समय रहते ग्रामीणों की मदद से दोनों को बाहर निकाल लिया गया, जिससे उनकी जान बच गई।
मकान गिरने के बाद परिवार के सामने अब रहने की गंभीर समस्या उत्पन्न हो गई है। पीड़ित परिवार का कहना है कि क्षतिग्रस्त मकान में रहना अब सुरक्षित नहीं है और बारिश के मौसम में किसी भी समय दोबारा हादसा हो सकता है।
पीड़ित परिवार ने प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ नहीं मिलने का भी आरोप लगाया है। परिवार के मुताबिक पक्का मकान उपलब्ध कराने के लिए उन्होंने कई बार ग्राम स्तर से लेकर पंचायत स्तर तक संबंधित लोगों से गुहार लगाई। इसके अलावा सरकार आपके द्वार कार्यक्रम के दौरान अधिकारियों के समक्ष भी अपनी समस्या रखी, लेकिन अब तक उनके नाम पर आवास आवंटित नहीं हुआ।

पंचायत समिति सदस्य ने दिया मदद का भरोसा
घटना की जानकारी मिलने के बाद पंचायत समिति सदस्य रेखा देवी ने पीड़ित परिवार से मुलाकात कर उन्हें हरसंभव सहयोग का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि परिवार की आवास संबंधी समस्या को लेकर वे गंभीर हैं और अपने स्तर से आवश्यक पहल करते हुए संबंधित अधिकारियों के समक्ष मामले को रखेंगी, ताकि परिवार को आवास का लाभ दिलाने की दिशा में कार्रवाई हो सके।
















