गोमिया (बोकारो), 26 जुलाई: गोमिया प्रखंड की बड़की सीधाबारा पंचायत स्थित बिरहोर डेरा में रविवार को HI-FI (Helping India Feeding India) संस्था की टीम ने सामाजिक एवं आर्थिक सर्वेक्षण कर बिरहोर समुदाय की जीवन स्थितियों का जायजा लिया। इस दौरान जरूरतमंद परिवारों के बीच अन्नदान किया गया तथा बच्चों को बिस्कुट और चॉकलेट वितरित कर उनका उत्साह बढ़ाया गया।

सर्वेक्षण के दौरान टीम ने पाया कि बिरहोर डेरा में कुल 13 परिवारों के लगभग 70 लोग निवास करते हैं। इनमें 45 पुरुष, 25 महिलाएँ तथा 6 माह से 14 वर्ष आयु वर्ग के 12 बच्चे शामिल हैं। संस्था ने समुदाय की आजीविका, शिक्षा, पेयजल और रोजगार से जुड़ी परिस्थितियों का विस्तृत आकलन किया।
सर्वेक्षण में सामने आया कि अधिकांश महिलाएँ प्लास्टिक की बोरियों से रस्सी बनाकर परिवार की आय में सहयोग करती हैं, जबकि पुरुष ट्रैक्टर चालक एवं दिहाड़ी मजदूर के रूप में कार्य कर परिवार का भरण-पोषण करते हैं। अधिकांश परिवार प्रधानमंत्री आवास योजना एवं अबुआ आवास योजना के तहत आवास का लाभ प्राप्त कर चुके हैं, लेकिन स्थायी रोजगार और नियमित आय का अभाव आज भी उनकी सबसे बड़ी समस्या बनी हुई है।
टीम को बच्चों की शिक्षा और बुनियादी सुविधाओं से जुड़ी कई चुनौतियाँ भी देखने को मिलीं। कई बच्चे नियमित रूप से विद्यालय नहीं जाते हैं, जबकि बस्ती का चापाकल खराब होने के कारण पेयजल संकट की स्थिति बनी हुई है। ग्रामीणों ने संस्था से मुर्गी एवं बकरी पालन के लिए सहायता उपलब्ध कराने की मांग भी रखी, ताकि स्वरोजगार के माध्यम से उनकी आर्थिक स्थिति मजबूत हो सके।

इस अवसर पर HI-FI संस्था की टीम ने ग्रामीणों के साथ संवाद कर उनकी समस्याओं को गंभीरता से सुना और पेयजल व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने के लिए कुएँ की मरम्मत कराने का आश्वासन दिया। साथ ही भविष्य में आजीविका संवर्धन, पशुपालन एवं स्वरोजगार से संबंधित योजनाओं के माध्यम से सहयोग करने की प्रतिबद्धता जताई।
संस्था का मानना है कि यदि सरकारी विभाग, सामाजिक संस्थाएँ और स्थानीय समुदाय मिलकर शिक्षा, सुरक्षित पेयजल, कौशल विकास एवं स्वरोजगार के क्षेत्र में समन्वित प्रयास करें, तो बिरहोर समुदाय के जीवन स्तर में स्थायी और सकारात्मक बदलाव लाया जा सकता है।
मौके पर संस्था की अध्यक्ष सुनीता कुमारी, सदस्य सूरज अग्रवाल, प्रिंस कुमार, धीरज प्रजापति, रविप्रकाश सहित कई ग्रामीण उपस्थित रहे।














